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गजल / 41 / खबर है सारे सितारे



खबर  है  सारे  सितारे  कल  जमीं  पर आएंगे।
आसमां वे  लौटकर  वापस  नहीं  फिर जाएंगे।।

आसमां में नफरतों की  आग कब की बुझ गई
हम जमीवाले ,  न जाने , होश में  कब आएंगे।

रोशनी की  आहटें  जो सुन  अभी - भी सो रहे
वक्त पे  सूरज  कभी   पहचान  वे  क्या पाएंगे ?

फूल पत्थर पे चढ़ा  हासिल हुआ है क्या कभी  
फूल पर अब  पत्थरों को  हम चढ़ाकर आएंगे।

जिंदगी -भर  खाक छानी  सोचकर ये ही सदा
खाक से  निकले  हुए हैंं  खाक में मिल जाएंगे।


2122. 2122. 2122 . 212

1st August 2018.

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